क्या है प्रोजेक्ट-75, जिसके तहत भारत बना रहा न्यूक्लियर सबमरीन

भारत न्यूक्लियर सबमरीन के निर्माण पर जोर दे रहा है, जिससे समुद्री ताकत में वृद्धि हो सके।

इस प्रोजेक्ट ​के तहत 2 परमाणु संचालित अटैक पनडुब्बियों के निर्माण पर लगभग 450 बिलियन रुपये खर्च होंगे।

भारत की यह योजना चीन की बढ़ती नौसैनिक ताकत का सामना करने के लिए तैयार की जा रही है।

नई पनडुब्बियां ​डीजल से चलने वाली पनडुब्बियों की तुलना में तेज, शांत और लंबे समय तक पानी के नीचे रह सकेंगी।​

इन पनडुब्बियों का निर्माण लार्सन एंड टुब्रो की सहायता से विशाखापत्तनम में सरकारी जहाज निर्माण केंद्र में होगा।

इस योजना को प्रोजेक्ट 75 के नाम से जाना जाता है, जिसे पहली बार 2015 में मंजूरी मिली थी।

एसएसएन पनडुब्बियां भारत की समुद्री और युद्ध क्षमताओं को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।

इंडियन नेवी की योजना है कि वर्तमान पनडुब्बियों में से 6 को स्वदेशी निर्मित एसएसएन से बदला जाएगा।